रेशम की खेती से होगा लाखों का फायदा - जानें रेशम कीट पालन के बारे में

Home| All Blogs| रेशम की खेती से होगा लाखों का फायदा - जानें रेशम कीट पालन के बारे में
SHARE THIS

रेशम की खेती से होगा लाखों का फायदा - जानें रेशम कीट पालन के बारे में

    रेशम की खेती से होगा लाखों का फायदा - जानें रेशम कीट पालन के बारे में

रेशम की खेती से होगा लाखों का फायदा

11 Aug, 2020

रेशम की खेती बहुत ही लाभदायक व्यवसायों में से एक है। इससे आप शुरुआती लागत के बाद सालाना तौर पर 5 लाख एवं उससे अधिक रुपए का लाभ उठा सकते हैं । यदि आप भी रेशम की खेती करने का विचार रखते हैं तो इस आर्टिकल में हम रेशम की खेती से जुड़े सभी महत्वपूर्ण बिंदुओं के बारे में आपको बताएंगे ।

रेशम प्राकृतिक प्रोटीन से बना रेशा है। रेशम का उपयोग वस्त्र बनाने के लिए किया जाता है । इसकी बनावट के कारण यह बाजार में बहुत महंगी कीमतों में बिकता है । इन प्रोटीन रेशों में मुख्यतः फिब्रोइन होता है। ये रेशे कीड़ों के लार्वा द्वारा बनाया जाता है। रेशम की खेती मुख्यतः तीन प्रकार से होती है - मलबेरी रेशम , टसर रेशम एवं एरी रेशम के रूप में । सबसे उत्तम रेशम शहतूत, अर्जुन के पत्तों पर पलने वाले कीड़ों के लार्वा द्वारा बनाया जाता है ।

 

कैसे कर सकते हैं रेशम की खेती ?

 

रेशम की खेती करने के लिए सबसे पहली आवश्यकता होती है एक सिंचित भूमि की, जिस पर शहतूत के पौधों को रोपा जा सके ।शहतूत के पौधों की खास बात है कि इन्हें कहीं भी लगाया जा सकता है। इन पौधों को विशेष किस्म की मिट्टी एवं जलवायु की जरूरत नही होती है इस पेड़ की पत्तियाँ रेशम के कीड़ों का मुख्य भोजन होती है।

रेशम उत्पादन-औसतन 1000 कि. ग्रा. फ्रेश कोकून सुखाने पर 400 कि. ग्रा. के लगभग रह जाता है । जिसमें से 385 कि. ग्रा. में प्यूपा 230 कि. ग्रा. रहता है । और शेष 155 कि. ग्रा. शेल रहता है। इस 230 कि.ग्रा. प्यूपा में से लगभग 120 कि. ग्रा. कच्चा रेशम तथा 35 कि.ग्रा. सिल्क वेस्ट प्राप्त होता है।

रीलिंग की प्रक्रिया द्वारा इस कच्चे रेशम से रेशम को चरखे/तकली द्वारा रोल किया जाता है ।

परंतु रेशम को तभी बेचा जा सकता है जब उसको कपड़े के रूप में बुन लिया जाए । बुनाई की प्रक्रिया के लिए वर्तमान में कई मशीनें बाजार में उपलब्ध हैं । फिर भी हथकरघा से बने हुए रेशम का बाजार में ज्यादा मूल्य होता है।  इस संबंध में आप अपने क्षेत्र के खादी एवं ग्रामोद्योग बोर्ड से परामर्श ले सकते हैं ।

 

Read More

 Mahindra sales down April 2020        

TRACTOR FINANCE                                      

Read More

 Mahindra sales down April 2020       

भारत में कौनसे ट्रैक्टर है जो बिना ड्राइवर के चलते है?

Read More

Mahindra sales down April 2020      

THE HISTORY OF TRACTORS!                     

Read More

Top searching blogs about Tractors and Agriculture

Top 10 Tractor brands in india To 10 Agro Based Indutries in India
Rabi Crops and Zaid Crops seasons in India Commercial Farming
DBT agriculture Traditional and Modern Farming
Top 9 mileage tractor in India Top 5 tractor tyres brands
Top 11 agriculture states in India top 13 powerful tractors in india
Tractor Subsidy in India Top 10 tractors under 5 Lakhs
Top 12 agriculture tools in India 40 Hp-50 Hp Tractors in India

Write Comment About Blog.

Enter your review about the blog through the form below.



Customer Reviews

Record Not Found

Popular Posts

https://images.tractorgyan.com/uploads/27555/638f2bf45f2b0_Top-10-agro-based-Industries-in-India-2022.jpg

Top 10 Agro-based Industries in India 2022 | Tractorgyan

Agriculture is growing and expanding day by day. Along with technological advancements, the change i...

https://images.tractorgyan.com/uploads/27531/638dae2060258_top-10-secondhand-tractors-in-india.jpeg

Top 10 Second-Hand Tractors in India 2022 | Tractorgyan

Purchasing a tractor involves not only just a choice or selection of features but also involves a vi...

https://images.tractorgyan.com/uploads/27513/638aebfde4a60_Different-types-of-farming.jpg

Different Types of Farming and there factors in India

Farming is the integral or the most essential activity carried out in our economy. Agriculture is th...

tractorgyan offeringsTractorGyan Offerings

POPULAR SECOND HAND TRACTORSPopular Second hand Tractors

LOCATE TRACTOR DEALERS/SHOWROOMLocate Tractor Dealers/Showroom